लखनऊ (न्यूज़ ड्रिफ्ट ब्यूरो): मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में लखनऊ में आयोजित कैबिनेट बैठक में आज उत्तर प्रदेश के विकास, स्वास्थ्य सेवाओं और युवाओं को लेकर कई ऐतिहासिक फैसलों पर मुहर लगी है। पूर्वांचल में बिजली संकट को दूर करने से लेकर राजधानी लखनऊ और ताजनगरी आगरा में मेट्रो के विस्तार, और प्रदेश के सबसे बड़े मेडिकल कॉलेजों के उच्चीकरण जैसे महत्वपूर्ण प्रस्तावों को कैबिनेट ने हरी झंडी दे दी है।
यहाँ जानिए आज की कैबिनेट बैठक के मुख्य और बड़े फैसले:
मिर्ज़ापुर को ₹2799 करोड़ का तोहफा, चमकेगा पूर्वांचल का पावर ग्रिड:-
प्रदेश में बढ़ती बिजली की मांग को पूरा करने और नए पावर व पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट्स से उत्पादित बिजली की सुचारू सप्लाई के लिए मिर्ज़ापुर में 765/400 KV (4×1500 MVA) पूलिंग उपकेन्द्र (AIS) और पारेषण लाइनों के निर्माण को मंजूरी दी गई है 。
कुल लागत: ₹2,799.47 करोड़ (उपकेन्द्र के लिए ₹1,315.91 करोड़ और ट्रांसमिशन लाइनों के लिए ₹1,483.56 करोड़) ।
फायदा: इसे एक ‘Common Public Infrastructure’ के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे घरेलू, कमर्शियल और औद्योगिक उपभोक्ताओं को बिना किसी कटौती के निर्बाध बिजली मिलेगी । इससे निवेशकों का भरोसा बढ़ेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
लखनऊ-आगरा मेट्रो के विस्तार को मिली नई गति:-
शहरी परिवहन को और अधिक सुगम बनाने के लिए कैबिनेट ने दो महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं:
लखनऊ मेट्रो (फेज-1बी): चारबाग से वसंतकुंज के बीच बनने वाले ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर के लिए भारत सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार और यूपीएमआरसी के बीच त्रिपक्षीय एमओयू (MoU) के निष्पादन को मंजूरी दे दी गई है । इस पूरे प्रोजेक्ट की अनुमोदित लागत ₹5,801.05 करोड़ है ।
आगरा मेट्रो (कॉरिडोर-II): आगरा कैंट से कालिंदी विहार रूट पर मेट्रो स्टेशन और वायडक्ट सेक्शन के निर्माण के लिए क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय परिसर की 550 वर्गमीटर नजूल भूमि को उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) को निःशुल्क आवंटित करने का प्रस्ताव पास हुआ है।
लोहिया संस्थान में बनेगा 1010 बेड का मल्टी स्पेशलिटी इमरजेंसी सेंटर:-
राजधानी लखनऊ के गोमती नगर विस्तार (सेक्टर-7) स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के नए परिसर (शहीद पथ) में स्वास्थ्य सुविधाओं का भारी विस्तार होने जा रहा है ।
बजट: इस विशाल परियोजना के लिए ₹855.04 करोड़ (₹85504.34 लाख) की अनुमानित लागत को मंजूरी दी गई है ।
क्या-क्या बनेगा: यहाँ 1010 बेड का मल्टी स्पेशलिटी इमरजेंसी सेंटर अस्पताल, एक नया ओपीडी ब्लॉक और 200 सीटों की क्षमता वाला एक अत्याधुनिक टीचिंग ब्लॉक बनाया जाएगा 。 इससे पूरे प्रदेश के मरीजों को वर्ल्ड-क्लास इलाज और मेडिकल छात्रों को बेहतरीन माहौल मिलेगा।
प्रयागराज SRN अस्पताल का होगा कायाकल्प: ₹1 सालाना किराए पर मिली जमीन:-
प्रयागराज मंडल के सबसे बड़े टर्शियरी लेवल के सरकारी अस्पताल, स्वरूप रानी नेहरू (SRN) चिकित्सालय के विस्तार और उच्चीकरण का रास्ता साफ हो गया है 。 वर्तमान परिसर में जगह न होने के कारण, महात्मा गांधी मार्ग से जुड़ी पूल्ड हाउसिंग की 31,314 वर्गमीटर भूमि को चिकित्सा शिक्षा विभाग के पक्ष में ट्रांसफर करने की मंजूरी दी गई है ।
शर्तें: यह कीमती जमीन चिकित्सा शिक्षा विभाग को मात्र ₹1.00 वार्षिक किराए पर 90 वर्षों के पट्टे (Lease) पर दी गई है । इससे प्रयागराज के साथ-साथ प्रतापगढ़, सुल्तानपुर, कौशाम्बी, फतेहपुर, जौनपुर, मिर्जापुर, भदोही, बांदा और चित्रकूट के मरीजों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए भटकना नहीं पड़ेगा ।
पशु चिकित्सा के छात्रों का इंटर्नशिप भत्ता सीधे 3 गुना बढ़ा:-
योगी सरकार ने प्रदेश के भावी पशु चिकित्सकों को बड़ा तोहफा दिया है। मथुरा, अयोध्या और मेरठ के सरकारी विश्वविद्यालयों में पढ़ रहे पशु चिकित्सा (Veterinary) के छात्रों का इंटर्नशिप भत्ता ₹4,000 प्रति माह से बढ़ाकर सीधे ₹12,000 प्रति माह कर दिया गया है ।
इस फैसले से तीनों विश्वविद्यालयों के करीब 300 छात्रों को सीधा लाभ मिलेगा और राज्य सरकार पर ₹4.20 करोड़ का अतिरिक्त वित्तीय भार आएगा । इससे छात्रों का मनोबल और काम के प्रति उत्साह बढ़ेगा।
ग्रामीण निकायों में ओबीसी आरक्षण के लिए ‘समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग’ का गठन:-
माननीय उच्चतम न्यायालय (Supreme Court) के आदेशों का अनुपालन करते हुए राज्य सरकार ने त्रिस्तरीय ग्रामीण निकायों (पंचायतों) में पिछड़ेपन की प्रकृति और प्रभाव की जांच व अध्ययन के लिए ‘उत्तर प्रदेश राज्य स्थानीय ग्रामीण निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग’ के गठन को मंजूरी दे दी है ।
आयोग का स्वरूप: इस आयोग में कुल 5 सदस्य होंगे, जिनमें से अध्यक्ष के रूप में हाईकोर्ट के एक सेवानिवृत्त न्यायाधीश को नामित किया जाएगा । इस आयोग का कार्यकाल नियुक्ति की तारीख से 6 महीने का होगा । यह आयोग निकायवार आनुपातिक आरक्षण (जो अधिकतम 27% होगा) निर्धारित करने में मदद करेगा
मिर्ज़ापुर में खुलेगी ‘सरदार पटेल एपेक्स यूनिवर्सिटी‘:-
उत्तर प्रदेश निजी विश्वविद्यालय अधिनियम, 2019 के तहत मिर्ज़ापुर के चुनार तहसील (ग्राम-समसपुर) में 50.45 एकड़ भूमि पर निजी क्षेत्र की नई ‘सरदार पटेल एपेक्स यूनिवर्सिटी’ की स्थापना के लिए आशय पत्र (Letter of Intent) जारी करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है। इससे ग्रामीण अंचल के युवाओं को उच्च शिक्षा के नए अवसर मिलेंगे।
न्यूज़ ड्रिफ्ट टिप्पणी: आज के ये फैसले साफ तौर पर दर्शाते हैं कि सरकार का ध्यान केवल बुनियादी ढांचे और कनेक्टिविटी को मजबूत करने पर ही नहीं, बल्कि प्रदेश के सुदूर इलाकों तक बेहतर चिकित्सा, उच्च शिक्षा और युवाओं के सशक्तिकरण को जमीन पर उतारने पर भी है।
